अरिजीत सिंह
अरिजीत सिंह (जन्म 25 अप्रैल 1987) एक भारतीय गायक, संगीतकार और संगीत निर्माता हैं। उन्हें भारतीय संगीत उद्योग के सबसे प्रभावशाली और व्यावसायिक रूप से सफल गायकों में से एक माना जाता है। वे अपनी भावपूर्ण आवाज और विभिन्न संगीत शैलियों में दक्षता के लिए प्रसिद्ध हैं।
उन्हें कई प्रतिष्ठित पुरस्कार प्राप्त हुए हैं, जिनमें दो राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार और आठ फिल्मफेयर पुरस्कार शामिल हैं। 2025 में उन्हें कला के क्षेत्र में योगदान के लिए भारत के चौथे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म श्री से सम्मानित किया गया।[१]
प्रारंभिक जीवन
अरिजीत सिंह का जन्म पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के जियागंज में हुआ था। उनके पिता पंजाबी सिख और माता बंगाली हिंदू थीं। उनका परिवार संगीत से जुड़ा हुआ था, जिसके कारण उन्होंने बचपन से ही संगीत में रुचि विकसित की।
उन्होंने भारतीय शास्त्रीय संगीत का प्रशिक्षण राजेंद्र प्रसाद हजारी से प्राप्त किया और तबला व अन्य संगीत शैलियों का भी अध्ययन किया। उन्हें कम उम्र में ही संगीत के लिए छात्रवृत्ति भी मिली।[२]
आजीविका
प्रारंभिक करियर
उन्होंने 2005 में रियलिटी शो फेम गुरुकुल में भाग लेकर अपने करियर की शुरुआत की। इसके बाद उन्होंने संगीतकार प्रीतम के साथ सहायक के रूप में काम किया।
उनका पहला प्रमुख गीत "फिर मोहब्बत" (2011) था, लेकिन उन्हें असली पहचान 2013 में फिल्म आशिकी 2 के गीत "तुम ही हो" से मिली।[३]
सफलता और पहचान
"तुम ही हो" की सफलता के बाद अरिजीत सिंह ने कई लोकप्रिय गीत गाए और हिंदी फिल्म संगीत में अपनी मजबूत पहचान बनाई। उन्होंने ये जवानी है दीवानी, चेन्नई एक्सप्रेस और राम-लीला जैसी फिल्मों में योगदान दिया।
2019 में उनके गीत "खैरियत" और "तुझे कितना चाहने लगे" बड़े हिट रहे।
हाल के वर्ष
2020 के दशक में उन्होंने कई फिल्मों के लिए गाने रिकॉर्ड किए और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बड़ी सफलता हासिल की। 2020 में उन्होंने अपना स्वतंत्र संगीत लेबल ओरियॉन म्यूजिक शुरू किया।
2022 में उन्होंने "केसरिया" गाना गाया, जिसे व्यापक लोकप्रियता मिली। 2025 में "सजनी" के लिए उन्होंने अपना आठवां फिल्मफेयर पुरस्कार जीता।
जनवरी 2026 में उन्होंने पार्श्व गायन से संन्यास लेने की घोषणा की और स्वतंत्र संगीत पर ध्यान केंद्रित करने की बात कही।[४]
संगीत शैली
अरिजीत सिंह को एक बैरिटोन गायक माना जाता है। उनकी गायकी में भावनात्मक गहराई, मींड का प्रयोग और आवाज़ की स्पष्टता प्रमुख विशेषताएँ हैं।
वे रोमांटिक गीतों के लिए प्रसिद्ध हैं, लेकिन उन्होंने डांस, सूफी, लोक और पॉप संगीत में भी काम किया है।
सार्वजनिक छवि
अपनी लोकप्रियता के बावजूद, अरिजीत सिंह एक निजी जीवन जीने के लिए जाने जाते हैं। वे मीडिया से दूरी बनाए रखते हैं और अपने गृहनगर में रहना पसंद करते हैं।
प्रभाव और मान्यता
अरिजीत सिंह ने भारतीय संगीत उद्योग पर गहरा प्रभाव डाला है। वे कई वर्षों तक भारत में सबसे अधिक स्ट्रीम किए जाने वाले कलाकार रहे हैं और वैश्विक स्तर पर भी अत्यधिक लोकप्रिय हैं।
निजी जीवन
उन्होंने 2014 में कोएल रॉय से विवाह किया। वे अपने गृहनगर जियागंज में रहना पसंद करते हैं और सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय हैं।
परोपकार
अरिजीत सिंह विभिन्न सामाजिक कार्यों में शामिल हैं। उनकी पहलें मुख्य रूप से पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य और संगीत के विकास पर केंद्रित हैं।
पुरस्कार और सम्मान
- 2 राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार
- 8 फिल्मफेयर पुरस्कार
- पद्म श्री (2025)
संदर्भ
- ↑ https://www.ndtv.com/entertainment/when-arijit-singh-said-people-hated-his-voice-i-tortured-myself-a-lot-11406949
- ↑ https://timesofindia.indiatimes.com/entertainment/hindi/music/news/arijit-singh-is-a-magician-prajakta-shukre-on-landing-arijit-for-her-dream-project/articleshow/130825909.cms
- ↑ https://www.wionews.com/photos/arijit-singh-turns-39-inside-his-journey-to-global-stardom-1777107118578
- ↑ https://t2online.in/music/indian/arijit-singh-releases-his-new-single-laiyaan/2004684